सावधान भारत में सिक्रेट सोसायटी के नाम पर फ्रीडम सेक्स के नाम पर मेरे सद गुरु भगवान रजनीश के प्रवचन रूप पुस्तक संभोग से समाधि
🚨 सावधान भारत में सिक्रेट सोसायटी के नाम पर फ्रीडम सेक्स के नाम पर मेरे सद गुरु भगवान रजनीश के प्रवचन रूप पुस्तक संभोग से समाधि को सद गुरु के प्रवचन को एक प्रकार के विकृत मानसिकता रखने वाले लोग तोड़ मरोड़ कर पेस कर रहे है और तंत्र शिविर आयोजित कर यह विकृत मानसिकता वाले लोग सिक्रेट सोसायटी के नाम पर( in briding tredishn) खून के रिस्तो के साथ शारीरिक संबंध को प्रोत्साहित कर रहे हैं
इन ब्रीडिंग ट्रेडिशन का मतलब है भाई बहन माता पुत्र पिता पुत्री के बिच स्व ईछीत स्व इच्छा से शारीरिक संबंध बांधना जी
यह खतरनाक खेल साबित हो सकता है खून के रिश्ते हो ऐसी वायक्ति के साथ शारीरिक संबंध नहि हो सकता खून के रिश्ते हो उस वायक्ति के साथ शादी विवाह शारीरिक संबंध नहि हो सकते हैं ऐसे सामाजिक और संविधानिक कायदे बहुत देशों में हे जिसने भारत भी हे एसे संबंधों को गैर कानूनी कहा जाता है और आदर्श भी नही है इस प्रकार के संबंध इस प्रकार के संबंध से पैदा होने वाले बालक को जन्म जात बिमिरियो का खतरा रहता है इस प्रकार के संबंध से जन्म लिए बच्चे को ( birth difects) का खतरा बढ जाता है इस प्रकार के संबंध से जन्म लेते बच्चे को मेंटल & फिजिकली डिसऑर्डर की बीमारी का शिकार होना पड़ता है और इस प्रकार के संबंध से जन्मे बच्चों को समझ शक्ति और ज्ञान का अभाव होता है इसी लिए ऐसे बच्चे और समुदाय या बाहरी समाज से जुड़ नहि पाते है और वासना ग्रस्त जीवन व्यतीत करते हैं और ऐसे ही खून के रिश्तों के साथ शारीरिक संबंध बनाने हेतु नए पार्टनर की तलाश में रहते हैं जो इन ब्रीडिंग ट्रेडिशन के संबंध से पैदा हुए बच्चे जो खून के रिश्ते हो परिवारिक संबंध से पैदा हुए बच्चे वोह बाहरी समाज संबंधों से आकर्षित नहि हो पाता है जो अप्राकृतिक है
और आत्मविश्वास के अभाव ग्रस्त व्यक्ति का जन्म होता है
ऐसे बच्चो में मानसिक विकृत और हताशा निराशा जैसी बीमारी पाई जाती है जो इस प्रकार की इन ब्रीडिंग ट्रेडिशन खून के रिश्ते से शारीरिक संबंध साथापित करने से पैदा हुए हैं बच्चे उपरोक्त बीमारी ओ को जन्म के साथ लेकर पैदा होते हैं
और सबसे बड़ी अफसोस की बात है की जगत गुरु भारत और उस भारत में जन्म लेते हैं सद गुरु भगवान रजनीश और उन्होंने जो संभोग से समाधि की और प्रवचन दिए साधाक समुदाय को और साधना फाउंडेशन से जब पुस्तक रूप संभोग से समाधि के प्रवचन माला को पिरो कर पश्चिम को दीया वोह पश्चिम जो प्रेम की तलास में था जो सेक्स समृद्धि और इन ब्रीडिंग ट्रेडिशन के संबंध में लिप्त था ऐसे विकृत मानसिकता वाले पश्चिम को जागृत करने हेतु संभोग से समाधि के प्रवचन माला को पिरो कर पुस्तक रूप दीया गया अफसोस की आज उसी पुस्तक को सद गुरु भगवान रजनीश के प्रवचन को तोड़ मरोड़ कर एक सिक्रेट सोसायटी के नाम पर सेक्स रैकेट ऑर्गनाइज ग्रुप त्यार हो गया मेरे देश में ओशो सन्यासी मित्र हो या किसी भी समुदाय समाज से हो हिंदू हो मुस्लिम हो शिख जैन बौधिषट हो कोई भी सज्जन समाज नग्नता और अनैतिक संबंध को प्रोत्साहित नहि करता और स्वीकृति भी नही देता तो यह फ्रीडम सेक्स के नाम पर सिक्रेट सोसायटी के नाम पर जो खेल शुरू हो चुका है भारत वर्ष में वोह हमे कहा ले जाकर खड़ा कर देगा???? कभी सोचा है?? इस प्रकार के इन ब्रीडिंग ट्रेडिशन संबंध भारत में आने वाले समय में क्या वीर पीर पैगम्बर भगत सिंह को जन्म दे सकते है???? कभी सोचा है????? तो सावधान हो जाओ भारत को भारत ही रहने दो ताज महल को ताज महल ही रहने दो ताज महल पर रंग मत डालो वोह स्वेत ही अच्छा लगता है 🙏
प्रणाम
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